प्रयागराज-मधुमक्खी पालन अनुपूरक कृषि उद्यम के रूप में महत्वपूर्ण स्थान रखता है। मधुमक्खियों से शहद उत्पादन के साथ-साथ फसलों में पर-परागण से पौधों की जीवितता एवं उत्पादन में वृद्धि होती है। कृषि के साथ-साथ अन्य ऐसे अनुपूरक व्यवस्था अपनाये जाने की आवश्यकता है, जिसमें भूमि की ज्यादा जरूरत न हो। इसके लिए वैज्ञानिक पद्धति से मधुमक्खी पालन (मधुमक्खी) पालन को बढ़ावा देने के उद्देशय से उद्यान एवं खाद्य प्रसंस्करण विभाग उत्तर प्रदेश द्वारा मधुमक्खी पालन प्रशिक्षण केन्द्र, प्रयागराज में अल्पकालीन मुधमक्खी पालन प्रशिक्षण की व्यवस्था की गयी है। इस कार्यक्रम के अन्तर्गत डेढ़ माह (45 दिवसीय) का प्रशिक्षण सत्र दिनाँक 16.12.2022 से 31.01.2023 तक राजकीय मौन पालन प्रशिक्षण केन्द्र, कम्पनीबाग, प्रयागराज पर आरम्भ हो रहा है। यह प्रशिक्षण निःशुल्क प्रदान किया जायेगा, प्रशिक्षण में भाग लेने वाले प्रशिक्षार्थियों को रहने व खाने की व्यवस्था स्वयं करनी होगी। इस प्रशिक्षण में पुरूष एवं महिलायें भाग ले सकती हैं, जिसके लिए न्यूनतम शैक्षिक योग्यता कक्षा-08 पास होना आवश्यक है। अधीक्षक राजकीय उद्यान के कार्यालय से सम्पर्क कर निर्धारित प्रारूप पर दिनाँक 16.12.2022 तक आवेदन कर सकते हैं। आवेदन पत्र के साथ दो सम्भ्रान्त व्यक्तियों या राजपत्रित अधिकारी द्वारा प्रदत्त चरित्र प्रमाण पत्र आवश्यक है।
द दस्तक 24
प्रभारी पत्रकार तहसील कोरांव प्रयागराज उमाशंकर कुशवाहा 7571974858
उत्तर प्रदेश
प्रयागराज-मधुमक्खी पालन प्रशिक्षण के लिए प्रशिक्षार्थीं 16 दिसम्बर तक करें आवेदन
प्रयागराज-मधुमक्खी पालन अनुपूरक कृषि उद्यम के रूप में महत्वपूर्ण स्थान रखता है। मधुमक्खियों से शहद उत्पादन के साथ-साथ फसलों में पर-परागण से पौधों की जीवितता एवं उत्पादन में वृद्धि होती है। कृषि के साथ-साथ अन्य ऐसे अनुपूरक व्यवस्था अपनाये जाने की आवश्यकता है, जिसमें भूमि की ज्यादा जरूरत न हो। इसके लि
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